हत्यारा झोलाछाप डॉक्टर

कसता शिकंजा पुलिस का

प्रखंडों में छठ

झकस के बहाने

लड़की डूबी

सुबह घाट पर 2 डूबे

छठ का समापन

चोरी, पर बचा सामान

सिंहेश्वर में दुर्घटना:मौत

अस्ताचलगामी सूर्य को अर्ध्य

पुरस्कृत होंगे थानाध्यक्ष

शांतिपूर्वक मनाएं छठ:एसपी

ए.एस.आई. से लूट

छठ घाटों का मुआयना

करेंट पर बवाल

पंचमुखी चौक जाम

छठ में छ: बच्चे डूबे

क्लिनिक पर छापा: सील

टाइम्स शिकायत पेटी

आस्था का महापर्व शुरू

काली पूजा का समापन

शान्ति समिति की बैठक

अविश्वास प्रस्ताव गिरा

क्राइम रिपोर्ट(भाग-1)

ढाई लाख की चोरी

मधेपुरा के नए थानाध्यक्ष

रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम

जयश्री सहित चार सम्मानित

डॉक्टर नहीं भगवान

चेयरमैन पर आरोप दुहराया

छठ गीत शशिप्रभा से

ठगी के हुए शिकार

स्वच्छता अभियान में स्कूल

5 पुलिस अधिकारी बदले

7 दिवसीय क्रिकेट टूर्नामेंट

फर्जी डॉक्टरों की सूची

मधेपुरा में फिल्म शूटिंग

काली पूजा शुरू

प्रेमी ने दिया धोखा

मुरलीगंज-बनमनखी ट्रेन

संयुक्त राष्ट्र दिवस आज

सुमो-बोलेरो में टक्कर

दीपावली संपन्न

महिला की मौत, एक जख्मी

लगाया पक्षपात का आरोप

गोलीबारी में घायल

हनुमान जयंती मनी

पटाखा विक्रेताओं की जांच

मस्जिद चौक पर मारपीट

सर्वदलीय स्वच्छता अभियान

30 अक्टूबर 2014

मधेपुरा में झोला छाप डाक्टर ने ली अधेड़ की जान, मामला 1 लाख 11 हजार मे रफा दफा !

|अख्तर वसीम|30 अक्टूबर 2014|
मधेपुरा के सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने जहां फर्जी डाक्टरों और अवैघ क्लिनिक संचालकों के खिलाफ मुहिम चला रखा है वहीं पुरैनी प्रखण्ड मुख्यालय के बाजार में फर्जी डाक्टरों एवं अवैध क्लिनिक संचालकों पर अब तक इस मुहिम का कोई असर देखने को नहीं मिल रहा है. पुरैनी बाजार में आज भी पहले की तरह फर्जी डाक्टरों, झोला छाप डाक्टरों का बोल बाला है और जाहिर सी बात है जब स्थिति ऐसी होगी तो जनता तो मारी जायेगी ही.
            ताजा घटना में पुरैनी प्रखंड मुख्यालय के एक अधेड़ व्यवसायी की मौत पुरैनी के झोला छाप डाक्टर एम. के. विश्वास द्वारा बवासीर का ऑपरेशन करने के बाद अत्यधिक रक्तश्राव की वजह से हो गई. पर हैरत की बात तो ये रही कि घटना में दोषी डॉक्टर को सजा दिलाने की बजाय कुछ स्थानीय नेताओं और मेडिकल दुकानदारों ने मामले को रफा-दफा कर दिया. यही नहीं कई लोगों ने आरोप यहाँ तक लगाया कि  मामले को रफादफा करने में राजद के प्रखंड अध्यक्ष सदरूल आलम भी शामिल थे और अंततः मृतक के आश्रित को डाक्टर से 1 लाख 11 हजार रूपये दिलवाकर मामले को सबने मिलकर दबा दिया. हालांकि मामले की जानकारी पूरे प्रखंड के लोगों को हो गई और मामले की लीपापोती की बात सुनकर कुछ राजद कार्यकताओं ने भी प्रखंड अध्यक्ष सदरूल आलम को जमकर लतारा. यहाँ चिंता की बात तो ये रही कि जब राजद कार्यकर्त्ता ही अगर इस तरह फर्जी डाक्टरों के मामले का रफा दफा करने लगे तो सांसद द्वारा फर्जी डाक्टरों एवं अवैध क्लिनिक संचालक के खिलाफ चलाया जा रहा मुहिम कहां तक कारगर साबित होगा ?

क्या है पूरी घटना:  मिली जानकारी के अनुसार बीते बुधवर की सुबह को पुरैनी बाजार के दुर्गास्थान के पास रहने वाले लगभग 50 वर्षीय अधेड़ व्यवसायी अरूण कुमार साह की मौत बवासीर का ऑपरेशन कराने के बाद हुए अत्यधिक रक्तश्राव से हो गई. मृतक की पत्नी रंजू देवी ने बताया कि चार दिन पूर्व पुरैनी के समाज कल्याण चौक के समीप बंगाली डाक्टर एम.के.विश्वास से बवासीर का ऑपरेशन करवाया था. ऑपरेशन के बाद से ही अरूण कुमार साह को काफी ज्यादा मात्रा में रक्तश्राव होना शुरू हो गया जिससे मरीज अरूण साह की हालत बिगड़ती चली गई इलाज के लिए पूर्णियां ले जाने के क्रम में रास्ते में ही अरूण कुमार साह की साँसे थम गई.
सूत्र बताते हैं कि मरीज की मौत के बाद मृतक के परिजनों ने आरोपी डाक्टर एम.के.विश्वास को अपने कब्जे में लेकर घंटो बंधक बनाया. पर जैसे ही इसकी जानकारी पुरैनी के लोगों मिली तो खबर पूरे इलाके में फ़ैल गई. इसी बीच मीडिया द्वारा जब कैमरे में मृत शरीर और परिजन के विलाप करते हुए दृश्य को कैद किया जा रहा था तो समझौता करा रहे ग्रामीणों ने मीडियाकर्मियों को भी रोकना चाहा. पर कहते हैं कि तब तक मामला 1 लाख 11 हजार में रफादफा हो गया. पुरैनी के कई लोगों ने बताया कि पूर्व में भी इस डाक्टर के खिलाफ कई बार शिकायत पुरैनी थानाध्यक्ष सुनील कुमार और पीएचसी प्रभारी अजय कुमार सिन्हा से की जा चुकी है.
      पुरैनी जिप प्रतिनिधि सह युवा कांग्रेस आलमनगर विधान सभा अध्यक्ष प्रकाश निषाद, राजद के युवा नेता हिमांशु यादव, युवा राजद पंचायत अध्यक्ष चन्दन दास, युवा शक्ति के गौरव राय, राजद युवा नेता विवेक यादव उर्फ रंगबाज यादव आदि ने घटना की निंदा करते हुए कहा कि राजद के प्रखंड अध्यक्ष सदरूल आलम द्वारा जिम्मेदार पद पर रहते हुए इस तरह के मामले को रफा-दफा करने में संलिप्तता को सांसद के मुहिम को धक्का पहुंचाना है तथा यह दुखद है. उन्हें नैतिकता के आधार पर इस्तीफ़ा देना चाहिए. साथ ही साथ ऐसे फर्जी डाक्टरों को कड़ी-कड़ी सजा मिलनी चाहिए.

अपराधियों पर कसता शिकंजा पुलिस का: ये हैं चार बड़े आतंक जो खुद को बचा नहीं सके मधेपुरा पुलिस से

वर्ष 2014 मधेपुरा पुलिस के लिए अपराध नियंत्रण में अत्यंत ही महत्वपूर्ण रहा. मधेपुरा के एसपी आनंद कुमार सिंह की बनाई रणनीति ने अपराध नियंत्रण के लिए बनाई पुलिस टीम के सदस्यों का मनोबल कुछ इस तरह बढ़ाया कि पुलिस के लिए सरदर्द बने कई कुख्यात अपराधियों को दबोचने में इन अधिकारियों ने सिंघम जैसी भूमिका निभा दी.
      हत्या जैसे संगीन अपराधों को अंजाम देने वाला बिहारीगंज थाना के पकिलपार का रहने वाला छबिया यादव और उसके सहयोगी कुख्यात सिंटू मेहता की गिरफ्तारी से जहाँ छबिया के गैंग के दर्जनों कुख्यात अपराधियों ने इलाका छोड़ दिया वहीँ चौसा चिरौरी के पंकज मुनि भी जब पुलिस के हत्थे चढ़ा तो इलाके के लोगों का भरोसा मधेपुरा पुलिस पर मजबूत हुआ. इसी तरह रंजीत मंडल की गिरफ्तारी से न सिर्फ मधेपुरा बल्कि सहरसा और पूर्णियां की पुलिस ने भी राहत की सांस ली है.
      बताया जाता है कि कुख्यात अपराधी छबिया उर्फ छविलाल बिहारीगंज थाना के चार केसों में वांछित था जिसमे हत्या, हत्या के प्रयास और लूट जैसे मामले भी शामिल थे. सिंटू मेहता भी छविलाल का सहयोगी था और इस दोनों की गिरफ्तारी ने उस इलाके को बड़ी राहत पहुंचाई. पंकज मुनि चौसा का आतंक था और एक बड़े गिरोह को संचालित करने में उसकी बड़ी भूमिका थी. इसी तरह मधेपुरा पुलिस के शिकंजे में आया बडहरा कोठी निवासी रंजीत मंडल तीन जिलों का आतंक माना जाता था जिसपर पुरैनी, बडहरा कोठी (रघुवंश नगर), सहरसा, भवानीपुर, बिहारीगंज आदि थानों में दर्जनों मामले लंबित थे और माना जाता था कि हत्या, लूट, रंगदारी और ट्रेन डकैती जैसे अपराधों में रंजीत मंडल माहिर था. पर मधेपुरा पुलिस के हत्थे चढ़ जाने के बाद ये निरीह हो गए और इनके गिरोह की ताकत भी जाती रही क्योंकि मधेपुरा पुलिस ने इन्हें बड़ी मात्रा में हथियारों के साथ गिरफ्तार किया था.
      मधेपुरा के एसपी आनंद कुमार सिंह इन अपराधियों की गिरफ्तारी से काफी उत्साहित हैं. उनकी बनाई रणनीति और क्राइम मीटिंग्स सहित व्यक्तिगत रूप से पुलिस पदाधिकारियों को दिए गए निर्देश जहाँ अपराधियों को सलाखों के पीछे भेजने में सफल सिद्ध हुए वहीँ अब वे बचे कुख्यातों को भी जल्द ही सलाखों के पीछे पहुंचाने कि उम्मीद रखते हैं. साथ ही वे गिरफ्तार कुख्यातों को स्पीडी ट्राइल के माध्यम से अधिक से अधिक सजा दिलाने के लिए भी प्रयासरत हैं.

प्रखंडों में भी रही छठ की धूम

|नि० सं०|30 अक्टूबर 2014|
छठ कि धूम सिर्फ जिला मुख्यालय ही नहीं, पूरे जिले में रही. प्रखंडों और हर गाँव में आस्था के इस महापर्व को श्रद्धालुओं ने पूरे नेम-निष्ठा के साथ मनाया.
      जिले के सभी 13 प्रखंडों में चिन्हित घाटों पर भी जिला प्रशासन की तरफ से इंतजाम संतोषजनक थे. प्रखंडों के बीडीओ, सीओ और थानाध्यक्ष ने कई बार घाटों का जायजा लिया. जिले के गम्हरिया, मुरलीगंज, सिंहेश्वर, आलमनगर आदि प्रखंडों में अवस्थित घाटों पर लोगों की बड़ी भीड़ नजर आई और जिले के कई घाटों की सजावट भी इस अवसर पर अभूतपूर्व रही.
      उधर श्रद्धालुओं ने भी चार दिन मनाये जाने वाले इस पर्व को पूरी श्रद्धा से मनाया. नहाय-खाय, खरना, अस्ताचलगामी सूर्य को अर्ध्य और आज उदीयमान सूर्य को अर्ध्य प्रदान करने से साथ ही छठ का समापन हो गया.

झकस की मौत से उपजे सवाल: जिला प्रशासन क्या, इन्हें भगवान भी बचा सकते हैं क्या ?

|वि० सं०|30 अक्टूबर 2014|
दुर्घटना में मौत, प्रशासन मुर्दाबाद. बिना लायसेंस के कार्यक्रम करने की जिद पर अड़े लोग, प्रशासनिक अधिकारी कहते हैं लायसेंस ले लीजिए, तो लोग कहते हैं प्रशासन मुर्दाबाद. कहीं कोई डूब कर मर गया, प्रशासन मुर्दाबाद.
      मधेपुरा में मानो लोग अपनी जिम्मेवारी भूलते जा रहे हैं और कहीं कोई हादसा भी हो जाता है तो प्रशासन के खिलाफ में आवाजें उठाने लगते हैं, मानो तेज व लापरवाही से वाहन चलाने को प्रशासन ने ही कहा था. मधेपुरा में नियम के विपरीत काम करने का भी दवाब जिला प्रशासन पर डालने की कोशिश करने में भी कुछ लोग लगे रहते हैं.
      मधेपुरा में छठ के घाट पर गणेशस्थान के 55 वर्षीय झकस यादव की मौत डूबने से हो गई. प्रत्यक्षदर्शी बताते हैं कि वह प्रशासन के द्वारा बनाये गए खतरे की लाइन से आगे चला गया. जाहिर है हर व्यक्ति के पीछे प्रशासन के द्वारा गोताखोरों को नहीं लगाया जा सकता है. देखा जाय तो यहाँ बहुत सारे लोग सुरक्षा के निर्देशों की धज्जी उड़ाने में अपनी शान समझते हैं.
      कल शाम में झकस की मौत हुई और आज सुबह  लोगों ने जमकर प्रशासन के निर्देशों की धज्जियाँ उड़ाते नजर आये. जहाँ झकस डूबे थे वहीँ पर कई युवक बनाये गए बैरिकेड से बाहर जाकर लकारियां मार रहे थे. एनडीआरएफ के जवान उन लोगों को वापस जाने को कहते रहे पर कई थे मानो उनपर प्रशासन की बातों का कोई असर ही नहीं दिख रहा था. घाट पर एक कोने से मधेपुरा के अंचलाधिकारी उदय कृष्ण यादव भी चिल्ला-चिल्लाकर डेंजर जोन में घुसे लोगों को निकल जाने की मिन्नतें करते रहे, पर प्रयास का नतीजा कुछ नहीं निकलता देख रहा था. लोग मानो अपनी जान से खिलवाड़ करने की जिद पर अड़े हुए थे. उधर छठ के कई दिन पहले से ही डीएम, एसपी और अन्य अधिकारी घाटों पर घूमघूम कर सुरक्षा की जांच करते रहे थे और लोगों से प्रशासन के निर्देशों का पालन करने के लिए अनुरोध करते रहे थे.
      अब ऐसी स्थिति जहाँ लोग खुद जान देने को बेताब हों, वहाँ प्रशासन भला क्या कर सकती है? नगर परिषद् की ओर से भी सुरक्षा सम्बंधित बैनर घाटों पर लगाये गए थे, पर लापरवाहों को ये नजर नहीं आता है. हालाँकि प्रशासन के प्रयास का असर भी बहुत हद तक दिखा और मधेपुरा में घाटों पर बहुत कुछ अभूतपूर्व ढंग से व्यवस्थित दिखा. पर कुछ मानसिक दिवालिया किस्म के लोगों को समझाना व्यर्थ साबित हो रहा था.
      सीधी सी बात है जिन्हें खुद अपनी सुरक्षा का ख्याल नहीं उसे प्रशासन क्या भगवान भी शायद ही बचा सके.

गम्हरिया में डूबने से एक लड़की की मौत

|डिक्शन राज|30 अक्टूबर 2014|
दिन भले छठ का हो और एक घटना में भले ही एक 16 वर्षीया लड़की की मौत छठ के घाट पर डूब कर हो गई हो, पर इस दुर्घटना को छठ से जोड़कर नहीं देखा जा सकता है.
मिली जानकारी के मुताबिक गम्हरिया थानान्तर्गत भेलवा गाँव में छठ के समापन के बाद घर पर खाना-पीना खाकर करीब साढ़े नौ के करीब मौसम कुमारी नाम की लड़की अन्य बच्चों के साथ भेलवा के ही घाट पर स्नान करने चली गई. पानी में पैर फिसला और मौसम की मौत गहरे पानी में डूब जाने से हो गई. हल्ला होने पर आसपास के लोग दौड़े और मौसम की लाश को निकाला. हालाँकि मृतका के पिता श्याम किशोर मंडल उसकी उम्र 18 वर्ष बता रहे हैं जबकि देखने से वह 15-16 साल से अधिक की नहीं लग रही है.

चौसा में छठ के घाट पर डूबने से युवक की मौत: अरार में 14 वर्षीय बालक डूबा

|आरिफ आलम/मुरारी कुमार सिंह|30 अक्टूबर 2014|
कल जहाँ जिले से छठ के दौरान एक अधेड़ और एक बच्ची के डूब कर मर जाने की घटना सामने आई थी वहीं आज सुबह भी चौसा प्रखंड के चिरौरी गाँव स्थित एक पोखर में एक युवक की डूबने से मौत हो गई. आज हुई मौत की दूसरी खबर अरार से भी मिली है.
      मिली जानकारी के अनुसार अजय मिस्त्री नाम के इस शख्स के साथ यह हादसा उस समय हुआ जब वह अपनी माँ के द्वारा किये जा रहे छठ में डाला और सूप उठाकर शामिल हुआ था और सुबह अर्ध्य प्रदान कर रहा था. अजय का पैर चिरौरी मध्य विद्यालय के पास स्थित उस पोखर में फिसल गया और वह गहरे पानी में जा गिरा. बताया जाता है कि उसे फिसलते कई लोगों ने देखा भी और घाट पर तैराक भी थे. पर जबतक लोग सतर्क होकर पोखर में कूदे तबतक अजय की मौत हो चुकी थी.
      बताया गया कि 25 वर्षीय अजय की शादी डेढ़ वर्ष पूर्व ही हुई थी. घटना की जानकारी मिलते ही चौसा के सीओ शहादुल हक, बीडीओ मिथिलेश बिहारी और जनप्रतिनिधि संतोष भगत आदि घटनास्थल पर पहुँच कर मामले की पूरी जानकारी ली.
      उधर अरार से मिली जानकारी के मुताबिक अरार और डेफरा के बीच डोमा घाट में छठ के दौरान नहाने के क्रम में 14 वर्षीय ज्ञानचंद्र साह की मौत डूबने से हो गई. बताया जाता है कि बिशंभर साह का पुत्र ज्ञानचंद्र नहाते समय गहरे पानी में चला गया. करीब एक घंटे के बाद उसकी लाश को निकाला जा सका. यहाँ भी मौके पर सीओ, थानाध्यक्ष आदि पहुँच चुके थे.

उदीयमान सूर्य को अर्ध्य के साथ छठ मईया से की मनोकामना पूरी करने की प्रार्थना: महापर्व का समापन

|नि० सं०|30 अक्टूबर 2014|
चार दिनों तक चलने वाला आस्था के महापर्व का समापन हो चुका है. श्रद्धालुओं ने आज उगते हुए सूरज को नमन किया और उन्हें अर्ध्य देकर सृष्टि को बचाने की प्रार्थना की. साथ ही छठ मैया से भी व्रतियों ने पूरे परिवार को सुखी-संपन्न रखने की कामना की.

      अहले सुबह से आज फिर घाटों पर श्रद्धालु इकठ्ठा हुए और पानी में खड़े होकर सूर्यदेव की आराधना की. सूप और डाला से जहाँ छठ घाट भरे पड़े थे थे वहीँ रौशनी की सजावट भी देखते बनती थी. श्रद्धापूर्वक मनाये जाने वाले आस्था के इस महापर्व को मनाने बाहर रहने वाले मधेपुरा निवासी भी बड़ी संख्यां में आये थे.

      घाटों पर पुलिस बल की तैनाती भी दुरुस्त थी और साथ ही साथ मधेपुरा नगर परिषद् क्षेत्र व मुरलीगंज नगर पंचायत में वार्ड कमिश्नर भी लोगों की मदद करते दिख रहे थे. वहीं ग्रामीण इलाकों में भी जनप्रतिनिधियों को घाटों पर सक्रिय देखा गया.

      आस्था के महापर्व के समापन के साथ ही हिंदुओं द्वारा इस वर्ष मनाये जाने वाले सारे बड़े पर्वों का भी समापन हो गया है. लोगों में जहाँ शान्ति का माहौल है वहीँ प्रशासन और ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों ने भी राहत की सांस ली है.

(छठ से जुड़ीं और भी ख़बरें जल्द ही)...

छठ मनाने गए श्रद्धालु के घर को खाली पाकर चोर ने बनाया निशाना: पड़ोसी की सक्रियता से बच गई लाखों की संपत्ति

|मुरारी कुमार सिंह|30 अक्टूबर 2014|
सावधान, आपका खाली घर बन सकता है चोरों का निशाना और आपकी जिंदगी भर की कमाई हो सकती पर पल भर में गायब.
      छठ मनाने गए एक घर को चोर ने अहले सुबह तब निशाना बना लिया जब घर के सारे लोग छठ मनाने में घाट पर व्यस्त थे. घटना जिला मुख्यालय के वार्ड नं. 21, कर्पूरी चौक की है. काशीनाथ के घर से चोर ने करीब एक लाख रूपये नगद और 80 हजार के जेवर निकाल लिए. बताया जाता है कि चोर ने उससे पहले आसपास के कई घरों में घुसना चाहा था, पर सफल नहीं होने के कारण काशीनाथ का घर ही उनका निशाना बना.
      पर काशीनाथ किस्मत के धनी थे. पड़ोस के एक शिक्षक बिजेन्द्र यादव उस समय अपने तोते को पढ़ा रहे थे. अचानक उनकी नजर ताकझांक करते चोर पर पड़ी और जब उन्होंने कुछ देर के बाद चोर के हाथ में सामान देखा तो उन्हें सारा माजरा समझ में आ गया. शिक्षक बिजेन्द्र यादव ने झपट कर चोर को पकड़ लिया. पर चोर सामान फेंक कर भागने में सफल रहा.
      घटना की जानकारी मिलते ही सदर थानाध्यक्ष मनीष कुमार कमांडो दस्ते के साथ घटनास्थल पर पहुंचकर पूरे मामले की जानकारी ली.

29 अक्टूबर 2014

पैदल जा रहा व्यक्ति बिजली के खम्भे से टकराया और आ गई मौत

|मुरारी कुमार सिंह|29 अक्टूबर 2014|
मौत कब किसकी किस रूप में आ जाये, कोई नहीं कह सकता. मधेपुरा जिले के सिंहेश्वर में हुई एक मौत कि घटना को जिसने भी जाना, गहरा दुःख जरूर प्रकट किया.
      सिंहेश्वर प्रखंड मुख्यालय में रहने वाले मानस की मौत आज महज एक बिजली के खम्भे से टकराने से उस समय हो गई जब वह सिंहेश्वर बाजार से घर की ओर पैदल ही जा रहा था. कदम लड़खड़ाने की वजह से मानस एक बिजली के खम्भे से टकरा गया और उसे सर में गहरी चोट लगी. चोट की वजह से कुछ ही देर में मानस की मौत हो गई. बताया जाता है कि मानस और उसकी पत्नी मद्रास के रहने वाले थे और काफी दिनों से सिंहेश्वर में भूजा बेचकर अपना गुजारा करते थे.
      मानस के मौत की खबर सुनकर पत्नी दौड़कर घटनास्थल पर आई और मानस से लिपट कर रोने लगी. बताया गया कि मद्रास की रहने वाली मानस की पत्नी का मानस के अलावे यहाँ कोई नहीं था.

मधेपुरा में छठ घाट पर डूबे की लाश बरामद: काफी दूर चली गई थी लाश

|मुरारी कुमार सिंह|29 अक्टूबर 2014|
मधेपुरा के भिरखी पुल के घाट पर आज शाम हुए हादसे में डूबे व्यक्ति झकस यादव की लाश को निकाल लिया गया है.
      मिली जानकारी के अनुसार मृतक झकस यादव के नाती आजाद टोला निवासी अखिलेश यादव को जैसे ही घटना की जानकारी हुई उसने साहुगढ़ से मल्लाहों को लाकर लाश की खोज करानी शुरू की. लाश नदी में डूबने वाले जगह से काफी आगे मुक्तिधाम के पास पानी के अंदर मिली. मल्लाहों ने लाश को बाहर निकाला और फिर प्रशासन ने झकस यादव की लाश को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया.
      बताया जाता है कि मधेपुरा प्रखंड के गणेशस्थान वार्ड नं. 13 निवासी झकस यादव दूध दुह कर परिवार का गुजारा करता था और उसे अभी एक बेटा और तिन बेटियां हैं. छठ में झकस खुद डाला उठाकर घाट तक लाता था और उसके परिवार के लोग छठ करते थे. 
     उधर साहुगढ़ की मुखिया रीना भारती ने झकस की मौत पर गहरा दुःख व्यक्त करते हुए मृतक के परिजनों को कबीर अंत्येष्ठि योजना के तहत 1500 रू० की राशि प्रदान की.

अस्ताचलगामी सूर्य को दिया अर्ध्य: आस्था का महापर्व

आस्था के महापर्व छठ के तीसरे दिन आज अस्ताचलगामी सूर्य को अर्ध्य प्रदान किया गया. दोपहर बाद से ही जिले के सभी छठ के घाटों पर श्रद्धालुओं की भीड़ जमा होने लगी. सूप और डाला को घाटों पर जमा कर श्रद्धालुओं ने पानी में खड़े रहकर भगवान सूर्य और नमन किया और फिर सूर्यास्त के समय अस्ताचलगामी सूर्य को अर्ध्य देकर उनके प्रति अपनी श्रद्धा व्यक्त की.
      आज छठ के दौरान पूर्व में ही मधेपुरा के जिलाधिकारी गोपाल मीणा, एसपी आनंद कुमार सिंह समेत अन्य अधिकारी आज भी दिन भर छठ घाटों का मुआयना करते रहे और व्यवस्था दुरुस्त पाया.
आज शाम के अर्ध्य के दौरान लगभग पूरे जिले में पुलिस की व्यवस्था काफी चुस्त दिखी. जिला मुख्यालय के कई घाटों पर अधिकारी और मुख्य पार्षद विशाल कुमार बबलू भी कमियों को दूर करने के प्रयास में लगे रहे. जिला मुख्यालय के भिरखी पुल के घाट पर सांसद पप्पू यादव भी श्रद्धालुओं को शुभकामनाएँ देने पहुंचे और झकस यादव के डूबने की खबर पर अफ़सोस भी जाहिर किया.
      प्रशासन के द्वारा जिले के कई महत्वपूर्ण घाटों पर नाव और गोताखोरों की भी व्यवस्था की गई थी और घाटों पर पर्याप्त रौशनी तथा पानी में बेरीकेडिंग भी की गई थी.
      कुल मिलाकर प्रशासन की व्यवस्था अभूतपूर्व थी, फिर भी जिले भर में अबतक मिली जानकारी के अनुसार दो की मौत होने की खबर है जो यह दर्शाता है कि लोगों में जागरूकता की बड़ी कमी है.
      हालांकि इस बार बहुत सारे श्रद्धालुओं ने घर के आस पास ही गड्ढा खोदकर छठ मनाना बेहतर समझा. उनका मानना था कि बड़े घाटों गैदरिंग बहुत ज्यादा रहती है और परेशानी का सामना करने के बाद भी हादसे की आशंका बनी रहती है.

बुरी खबर: मधेपुरा में छठ के दौरान घाट पर डूबने से एक अधेड़ की मौत: कुमारखंड में भी घाट पर एक बच्ची डूबी

|मुरारी कुमार सिंह|29 अक्टूबर 2014|
प्रशासन की तमाम कोशिशों के बावजूद आज मधेपुरा के भिरखी छठ घाट पर एक व्यक्ति के डूबने से मौत की खबर है.
      जिस व्यक्ति के बारे में डूबने की बात कही जा रही है उसका नाम झकस यादव (उम्र करीब 55 वर्ष) बताया जाता है जिसका घर गणेश स्थान है. घाट पर झकस यादव की बहू झकस के कपड़े दिखाते हुए रो-रो कर कह रही थी कि उसके सामने ही उसके ससुर पानी में उतरे थे और डूब गए.
      घटना उस वक्त की है जब शाम का अर्ध्य देकर श्रद्धालु वापस जाने लगे थे. अचानक ये खबर फैली की भिरखी पुल के उत्तर पश्चिम दिशा में एक व्यक्ति डूब गया है. घाट पर शुरू से ही अंचलाधिकारी उदय कृष्ण यादव ड्यूटी पर मौजूद थे. सूचना पाते ही प्रशासन के गोताखोर तुरंत ही संभावित स्थान पर डूबे व्यक्ति को खोजने उतर गए. प्रशासन की ओर से जाल भी फेंका गया, पर देर शाम तक लाश को निकाला नहीं जा सका.     घटना की खबर सुनते ही मधेपुरा के डीएम गोपाल मीणा और एसपी आनंद कुमार सिंह घाट पर पहुँच गए और सारी स्थिति का जायजा लिया. घटना पर दुःख व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि घाटों पर पानी में प्रशासन के द्वारा बैरिकेडिंग लगा हुआ है, रौशनी तक का पूरा प्रबंध है, फिर भी ऐसी घटना घट जाने से उन्हें कष्ट पहुंचा है. डीएम ने कहा कि लाश को रिकवर करने का प्रयास किया जा रहा है.
      घटना से जहाँ घाट पर लोगों में मातम का माहौल दिख रहा था वहीँ कई लोगों का कहना था कि झकस यादव ने शराब पी रखी थी और लोगों के मना करने के बावजूद वह बैरिकेड के आगे गहरे पानी में उतर गया और अपनी मौत खुद बुला ली.
      उधर कुमारखंड से मिली जानकारी के अनुसार रहटा सोनपुर में भी घाट पर छठ मनाने के दौरान दरसो कुमारी (उम्र 9 साल) की मौत हो जाने की खबर है. बच्ची की लाश निकाल ली गई है.

बाइक लूटेरे पर कसा शिकंजा: पुरस्कृत होंगे सिंहेश्वर थानाध्यक्ष सुमन कुमार सिंह

जिले में बाइक लुटेरों के सबसे बड़े गिरोह का उदभेदन करने में कामयाब सिंहेश्वर थानाध्यक्ष सुमन कुमार सिंह को पुरस्कृत किया जाएगा.
      कल सिंहेश्वर थाना कांड संख्यां 135/2014 के प्राथमिकी अभियुक्त गोलमा, सहरसा निवासी रिंकू पोद्दार की गिरफ्तारी के बाद मीडिया के सामने उसे प्रस्तुत करते हुए मधेपुरा एसपी आनंद कुमार सिंह ने कहा कि रिंकू पोद्दार की गिरफ्तारी एक कड़ी है, इससे पहले इसके कई सहयोगी गिरफ्तार किये जा चुके हैं. इस शातिर अपराधी की गिरफ्तारी से मधेपुरा तथा आसपास के जिलों में मोटरसायकिल लूट के वारदातों में कमी आने की उम्मीद है. इन अपराधियों से जुड़े मामले का त्वरित विचरण कराया जाएगा और इन्हें अधिक से अधिक सजा दिलवाने के प्रयास किये जायेंगे.
पुलिस अधीक्षक ने कहा सिंहेश्वर थानाध्यक्ष सुमन कुमार सिंह के प्रयास से इस बड़े गिरोह के आरे अपराधियों की गिरफ्तारी हो चुकी है. थानाध्यक्ष तथा उनकी टीम को उनके प्रयास के लिए पुरस्कृत करने के लिए डीआईजी से अनुशंसा की जा रही है. 

मधेपुरा टाइम्स के माध्यम से एसपी ने दी लोगों को छठ की शुभकामनाएं: कहा शांतिपूर्वक और उल्लास के साथ मनावें छठ, प्रशासन है मुस्तैदी से उनके साथ

|राजीव सिंह|29 अक्टूबर 2014|
जिले भर में छठ पर्व के अवसर पर आज जहाँ श्रद्धालु डूबते सूरज को अर्ध्य प्रदान करेंगे वहीं कल सुबह उगते सूर्य को अर्ध्य देने के बाद आस्था के इस महापर्व का समापन हो जाएगा.
      उधर मधेपुरा जिला प्रशासन ने पूरे जिले के श्रद्धालुओं को छठ की शुभकामनाएं दी हैं और जिले के सभी घाटों पर पूरी व्यवस्था की है ताकि श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो.
      मधेपुरा के एसपी आनंद कुमार सिंह ने मधेपुरा टाइम्स को बताया कि शांतिपूर्वक और उल्लास के साथ मनाने के लिए पुलिस की खास व्यवस्था की गई है. हर घाट पर पुलिस और चौकीदार की व्यवस्था तो की ही गई है साथ ही तैराकों को भी नियुक्त किया गया है ताकि आपात स्थिति से भी निपटा जा सके. मधेपुरा टाइम्स के माध्यम से पुलिस अधीक्षक ने पूरे जिले की जनता को छठ की शुभकामनाएं देते हुए कहा है कि उन्हें उम्मीद है कि श्रद्धालु छठ पर्व अच्छे ढंग से मनाएंगे और प्रशासन मुस्तैदी से उनके साथ है.
      सुनिए इस वीडियो में मधेपुरा एसपी का सन्देश, यहाँ क्लिक करें.

ए.एस.आई. से मोटरसायकिल, मोबाइल तथा रूपये छीने: छठ मनाने आ रहे थे घर

|राजीव सिंह |29 अक्टूबर 2014|
मधेपुरा जिला निवासी तथा कैमूर जिला में पदस्थापित एक ए.एस.आई. की अपराधियों ने हथियार के बल पर मोटरसायकिल छीन ली.
      मधेपुरा के पुलिस अधीक्षक को दिए गए आवेदन में ए.एस.आई. भूपेन्द्र कुमार ने घटना के बारे में जानकारी देते हुए बताया है कि वे छठ कि छुट्टी में घर आ रहे थे. मधेपुरा स्टेशन पर रात में कोसी एक्सप्रेस से उतर कर वे अपने साढू के लड़के यशवंत यादव के साथ उनकी मोटरसायकिल से अपने घर बेलाडी जा रहे थे कि डा० उजित राजा के क्लिनिक से आगे और तुलसीबाड़ी पुल के बीच रात में करीब साढ़े बारह बजे दस अपराधियों ने उन्हें रोक लिया और कट्टा सटा कर उन्हें  बगल के बांस के बगीचे में ले जाकर पीट कर बेहोश कर दिया और मोटरसायकिल (BR 43 C 0483), दोनों के मोबाइल तथा पास से 10 हजार रूपये छीनकर भाग गए.
      मामले पर मधेपुरा के पुलिस अधीक्षक आनंद कुमार सिंह कहते हैं कि इस बात की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता है कि अपराधी इनके पूर्व परिचित हों और उन्हें इनके आने की सूचना हो. वे घात लगाकर बैठे थे. एक पुलिसकर्मी होने के नाते इन्हें इतनी रात को सावधानी बरतनी चाहिए थी. मामले में अग्रिम कार्यवाही की जा रही है.

व्यवसायिक शिक्षक संघ का गठन: निर्वाचित हुए पदाधिकारी

|नि० सं०|29 अक्टूबर 2014|
जिला मुख्यालय के बायपास रोड स्थित चन्द्र-तारा मेमोरियल हॉल में B.N.M.U क्षेत्र के अंतर्गत विभिन्न महाविद्यालय के व्यवसायिक शिक्षक की एक बैठक दुर्गाकांत चौधरी के अध्यक्षता में आयोजित की गयी.
          बैठक को संबोधित करते हुए दुर्गाकांत चौधरी ने बताया कि व्यावसायिक शिक्षक की दयनीय स्थिति को देखते हुए छात्र और शिक्षक के हित में कार्य करने हेतु एक संघीय ढांचा का निर्माण किया गया, जिसका नाम व्यवसायिक शिक्षक संघ  B.N.M.U रखा गया है. जिसमे सर्वसम्मति से निम्नांकित शिक्षकों को पदभार प्रदान किया गया है: अध्यक्ष के० के० भारती, उपाध्यक्ष मितेश कुमार सिंह, सचिव आशुतोष कुमार मिश्रा, सह सचिव संजीव कुमार जायसवाल, कोषाध्यक्ष आशीष कुमार, मीडिया प्रभारी संदीप शांडिल्य, कार्यकारिणी उत्तम मिश्रा, मनमोहन माधव, रोहित कुमार झा, सतीश आनंद, संरक्षक राहुल कुमार, डी. के. चौधरी, संदीप शांडिल्य, पंकज ठाकुर, आदेश चौहान के रूप में पदभार सौपा गया. 
मीडिया प्रभारी समिधा ग्रुप के निदेशक संदीप शाण्डिल्य के विस्तार से चर्चा करते हुए कहा कि प्रथम बैठक में निम्न प्रस्ताव और सुझाव पारित किया गया:
1. सभी व्यवसायिक पाठ्यक्रम का सत्र नियमित किया जाए. 
2. कॉलेज में समय समय पर वर्कशॉप और सेमिनार का आयोजन किया जाए. 
3.  व्यवसायिक पाठ्यक्रम के सिलेबस का मॉडिफिकेशन हो. 
4. UGC  के पत्रांक संख्या F10-1/2009 Dated: Feb-2010 के अलोक में शिक्षकों के वेतन भुगतान की व्यवस्था की जाए.
5. व्यवसायिक शिक्षा के उतरपुस्तिका का मूल्यांकन सम्बन्धित शिक्षको के द्वारा हो.
6. प्रत्येक महाविद्यालय में अलग BCA विभाग हो.
7. प्रयोगिक परिक्षा नियमपूर्वक संचालित हो.
8. वर्ग की अवधि 90 मिनट से घटा कर 60 मिनट की जाय.
साथ ही संदीप शाण्डिल्य ने जानकारी दी की इस संघीय चुनाव में BNMU  के अंतर्गत सभी कॉलेज के शिक्षको ने हिस्सा लिया और अगली बैठक 9/11/2014 को सहरसा में आयोजित की जाएगी. 

28 अक्टूबर 2014

गम्हरिया में अधिकारियों ने लिया छठ घाट का जायजा

|डिक्शन राज|28 अक्टूबर 2014|
मधेपुरा सहित पूरे जिले में हो रहे छठ के पर्व को लेकर प्रशासन गंभीर है. मधेपुरा में जहाँ लगभग रोज ही उच्चाधिकारियों और मुख्य पार्षद के द्वारा विभिन्न छठ घाटों का निरीक्षण किया जा रहा है वहीँ जिले के अन्य प्रखंडों में भी प्रशासनिक पदाधिकारी घाटों की स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए हैं और जहाँ कोई कमी दिखाई देती है उसे दूर करवाने हेतु आवश्यक निर्देश भी दे रहे हैं.
      इसी क्रम में आज गम्हरिया प्रखंड में घाटों का मुआयना करने जिला पंचायती राज पदाधिकारी खुर्शीद आलम अंसारी पहुंचे. मौके पर उनके साथ प्रखंड विकास पदाधिकारी पूजा कुमारी और अंचलाधिकारी अरूण कुमार, थानाध्यक्ष मक़सूद अशर्फी भी मौजूद थे. घाटों की स्थिति को देखकर अधिकारी संतुष्ट हुए और कई आवश्यक निर्देश भी दिए.
      कल छठ पर्व के तीसरे दिन संध्या में सूर्य को श्रद्धालुओं के द्वारा अर्ध्य दिया जाएगा जिसमें जिले भर के छठ घाटों पर भारी भीड़ उमड़ने की सम्भावना है और इसके मद्देनजर सुरक्षा और विधि-व्यवस्था को कायम रखने के लिए जिला प्रशासन के द्वारा पूर्व से ही ध्यान रखा जा रहा है.