जानकारी के अनुसार मृतक की पहचान अरविंद यादव (55 वर्ष) और घायल पुत्र की पहचान नीतीश कुमार उर्फ छोटू (28 वर्ष) के रूप में हुई है।बैशाढ पंचायत के भित्ता टोला वार्ड 5 स्थित सिंपी इंटरप्राइजेज के प्रोपराइटर नीतीश कुमार सोमवार को पशुचारा बनाने के काम में जुटा था। इस दौरान मशीन में बोरी फंस गई। बोरी निकालने के प्रयास में उसका दायां हाथ मशीन के तेज रफ्तार थ्रेसर में फंस गया और कट गया।
उसकी चीख सुनकर पिता अरविंद यादव दौड़े और बेटे को छुड़ाने का प्रयास किया। उन्होंने मशीन बंद करने की
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| मृतक (फ़ाइल फोटो) |
कोशिश की, लेकिन स्विच काम नहीं कर रहा था। मजबूरी में उन्होंने हाथ से खींचने की कोशिश की, तभी उनका भी दायां हाथ मशीन में फंसकर कटकर अलग हो गया। जब तक लोग दौड़कर मशीन बंद करते, दोनों गंभीर रूप से घायल हो चुके थे।
ग्रामीणों की मदद से दोनों को अस्पताल ले जाया गया, लेकिन रास्ते में ही अरविंद यादव की मौत हो गई। वहीं नीतीश को प्राथमिक इलाज के बाद जेएनकेटी मेडिकल कॉलेज मधेपुरा और फिर वहां से रेफर करने के बाद पूर्णियां लेकर गए।जहां इलाज चल रहा है। उसकी हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है।
गांव में मातम, सुरक्षा मानकों पर सवाल
अरविंद यादव खेती-किसानी से जुड़े मेहनती और मिलनसार व्यक्ति माने जाते थे। उनकी असामयिक मौत से परिवार और पूरे गांव में शोक की लहर है। बुधवार को गमगीन माहौल में उनका अंतिम संस्कार किया गया, जहां सैकड़ों ग्रामीणों ने नम आंखों से विदाई दी।
ग्रामीणों ने मशीन पर पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम न होने पर सवाल खड़े किए हैं। उनका कहना है कि यदि समय पर मशीन बंद हो जाती तो पिता की जान बच सकती थी। लोगों ने मांग की है कि ऐसी मशीनों में सुरक्षा मानकों का पालन अनिवार्य किया जाए ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।
(रिपोर्ट: मीना कुमारी/ मधेपुरा टाइम्स)
Reviewed by Rakesh Singh
on
September 03, 2025
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